जापान में कामगारों की कमी है क्योंकि वहाँ पर जनसंख्या कम होती जा रही है। और इन्हीं कामगारों की कमी को दूर करने के लिए जापान अब कई देशों से कामगारों को अपने देश बुला रहा है। ऐसे में कई मुस्लिम देशों से भी वहाँ पर लोग गए हैं और जा रहे हैं। ऐसे में सोशल मीडिया पर लोग कई वीडियो पोस्ट कर रहे हैं। उनका कहना है कि जो लोग आ रहे हैं, वे सांस्कृतिक रूप से घुलमिल नहीं पा रहे हैं।
पिछले दिनों एक कुर्दिश व्यक्ति को एक महिला के साथ छेड़छाड़ को लेकर गिरफ्तार किया गया था।
37 yr old Islamist man arrested for s€xually molesting a Japanese woman, Japan.
Islam brought civilization to Japan.pic.twitter.com/A5UizAtSjY
— Pakistan Untold (@pakistan_untold) May 21, 2025
इतना ही नहीं जापान में हलाल उत्पाद भी हैं और जापान में कुछ कारखानों में हलाल कैफेटेरिया भी हैं। छह महीने पुराने इस समाचार में लिखा था कि “गुनमा के तोमिओका में योकोवो की फैक्ट्री ने मलेशिया के मुस्लिम कर्मचारियों की सहायता के लिए अपने कैफेटेरिया में हलाल विकल्प पेश किए हैं। और मजहबी जरूरतों के लिए उनके लिए नमाज पढ़ने के लिए कमरा भी बनाया है।“
इसमें आगे लिखा है कि हाल के वर्षों में गुनमा में विदेशी निवासियों की संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि देखी गई है, जिनमें इंडोनेशिया और बांग्लादेश जैसे मुख्य रूप से मुस्लिम देशों से कई लोग शामिल हैं।
हलाल उत्पादों को लेकर एक यूजर करनाल ओटकू गेटकीपर ने एक वीडियो पोस्ट किया था।
I always find it strange how the promotion of Islam in Japan is almost always in English.
It's not Urdu, it's not Arabic, it's not Indonesian, it's not Bengali it's English.
Is this all aimed at Muslims living in the West? 🤔 pic.twitter.com/L9vTIf4CJ6
— 🇯🇵 Colonel Otaku Gatekeeper 🇯🇵 (@politicalawake) May 30, 2025
कर्नल लगातार ऐसी वीडियो पोस्ट करते हैं, जो मुख्यधारा मीडिया में नहीं हैं। इसके परिचय में लिखा है कि वे जापानी राष्ट्रवादी, कम्यूनिज़्म विरोधी और शिंतो धर्म का पालन करने वाले हैं। और लगातार मल्टी कलचरिज्म का विरोध करते रहते हैं। जापान में बढ़ते इस्लामीकरण को लेकर 12 जून को ईद की नमाज का वीडियो साझा किया था और लिखा था कि हमें जापान से लोगों को वापस भेजना है।
We need mass deportations in Japan pic.twitter.com/KQGV2Pffqt
— 🇯🇵 Colonel Otaku Gatekeeper 🇯🇵 (@politicalawake) June 12, 2025
अभी हाल ही में जापान फर्स्ट पार्टी, जिसे जापान की राष्ट्रवादी पार्टी कहा जाता है, के उस विरोध प्रदर्शन का वह वीडियो वायरल हुआ था, जो उन्होनें वर्ष 2023 में कुर्द शरणार्थियों के खिलाफ निकाला था। वह वीडियो अब फिर से चर्चा में है।
मगर हाल ही में जापान की सरकार ने बांग्लादेश के साथ अनुबंध किया है, जिसमें वह पाँच वर्षों में लगभग एक लाख बांग्लादेशी नागरिकों को काम के बहाने अपने देश में बुलाएगी। इसे लेकर भी जापान के राष्ट्रवादी समूहों में रोष है। इसे लेकर एक कॉमिक भी प्रकाशित की गई है। और कर्नल ओटकू गेटकीपर नामक यूजर ने लिखा है कि “यह कॉमिक जापानी सरकार की अगले 5 वर्षों में 100K बांग्लादेशियों को आयात करने की योजना के जवाब में जापानी दक्षिणपंथी हलकों में घूम रही है।
मैंने इसका अंग्रेजी में अनुवाद किया है ताकि पश्चिमी लोग इसे पढ़ सकें।
This comic has been making the rounds on Japanese Right Wing circles in response to the Japanese government's plan to import 100K Bangladeshis in the next 5 years.
I have translated it into English so Westerners can read it. pic.twitter.com/beyMfL3qnJ
— 🇯🇵 Colonel Otaku Gatekeeper 🇯🇵 (@politicalawake) June 7, 2025
अभी 10 जून को ही एक कुर्द व्यक्ति द्वारा एक 12 वर्ष की लड़की के साथ किये गए यौन उत्पीड़न के मामले को लेकर पाँचवी सुनवाई थी। हसगुल अब्बास (22), एक बेरोजगार तुर्की कुर्द व्यक्ति पर कावागुची शहर, सैतामा प्रान्त में एक जूनियर हाई स्कूल की लड़की का यौन उत्पीड़न करने का आरोप है। हसगुल ने कहा कि उसने कुछ भी बिना सहमति के नहीं किया और उसे नहीं पता था कि लड़की की उम्र केवल 12 वर्ष है, उसे लगा कि लड़की की उम्र 18 वर्ष है।
उसने आरोपों से इनकार किया, जिसमें कहा गया है कि यदि पीड़िता 16 वर्ष से कम आयु की है, तो वह दोषी है, भले ही उसने सहमति दी हो। यह भी आरोप है कि उसने अपनी बीवी से कहा कि अपराध वाले दिन वह पुलिस से कहे कि वह उसके साथ था, मगर पुलिस ने उसका झूठ पकड़ लिया था। ऐसी छोटी-छोटी कई घटनाएं हो रही हैं, जिन्हें लेकर लोगों के दिलों में अब रोष उत्पन्न हो रहा है। जैसे कि सौ से अधिक मस्जिदों के बावजूद सड़कों पर नमाज पढ़ना आदि।
पिछले वर्ष मई में मुहम्मद ताहिर अब्बास का वह वीडियो भी वायरल हुआ था, जिसमें उसने कहा था कि साल 2100 तक जापान एक मुस्लिम देश हो जाएगा।
There are now 230,000 Muslims in Japan, exacerbated by opening their borders to migrants.
This is Muhammad Tahir Abbas Khan saying by 2100 Japan will be a Muslim country- "Allah give us the courage to work hard towards this."
It resembles the film Invasion Of The Body… pic.twitter.com/0zI76u5Y7i
— David Atherton (@daveatherton) May 22, 2024
पश्चिम के इस्लामीकरण के खिलाफ आवाज उठाने वाले लोग जापान को लेकर चिंतित हैं और वे लोग मुद्दे उठा रहे हैं। मगर अब यह भी समाचार है कि जापान ने पाकिस्तान से भी मानव संसाधन मांगे हैं। japannewsnavi.com पर प्रकाशित इस समाचार में कहा गया है कि विश्व में आतंकवाद में चौथे स्थान पर रहने वाले पाकिस्तान के साथ जापान मानव संसाधन साझा करेगा।












