संघ @100

‘दूसरों को देने वाला कहलाता है देवता’

जोधपुर के विशाल चामी पोलो मैदान में विजयादशमी उत्सव एवं शताब्दी वर्ष प्रवेश पर विराट एकत्रीकरण व शस्त्र-पूजन कार्यक्रम

Published by
Panchjanya

गत 12 अक्तूबर को जोधपुर के विशाल चामी पोलो मैदान में विजयादशमी उत्सव एवं शताब्दी वर्ष प्रवेश पर विराट एकत्रीकरण व शस्त्र-पूजन कार्यक्रम आयोजित हुआ। इसे संबोधित हुए राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सह सरकार्यवाह डॉ. कृष्ण गोपाल ने कहा कि हिंदू राष्ट्र का अर्थ है संपूर्ण समाज को साथ लेकर चलना।

विविधताओं में एकता वाला हमारा देश भारत पूरे विश्व में विशिष्ट स्थान रखता है। संस्कारवान, संगठित हिंदू समाज का निर्माण ही राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ का प्रमुख उद्देश्य है। उन्होंने कहा कि जो दूसरों को देता है, वह देवता कहलाता है और जो अपने लिए रखता है, वह राक्षस कहलाप्राचीन देश भारतता है।

दुनिया का सबसे  पूरे विश्व को विचार और आचरण देने का कार्य करता है। उन्होंने कहा कि हिंदू समाज को अपनी रक्षा करने के लिए संगठित होना होगा। वर्तमान में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की 75,000 शाखाएं चलती हैं। आने वाले एक वर्ष में कार्य का विस्तार होगा और 1,00,000 गांव तक संघ शाखा को पहुंचाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।

मुख्य अतिथि सेवानिवृत्त मेजर जनरल रानू सिंह राठौड़ ने कहा कि देश पर किसी भी विपदा के समय में सेना ही अग्रणी भूमिका में होती है। सेना का जवान सिर्फ राष्ट्र की सुरक्षा के लिए प्राणों का उत्सर्ग कर देता है। ऐसा वह इसलिए कर पाता है, क्योंकि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ जैसे संगठनों के कार्यकर्ता उसके परिवार का सहारा होते हैं।

उन्होंने कहा कि हमें किसी भी सूरत में अभिमान नहीं करना है, लेकिन स्वाभिमान के साथ जीना है। हमारे लिए राष्ट्र ही सर्वोपरि है। इस अवसर पर प्रांत संघचालक श्री हरदयाल वर्मा, महानगर संघचालक श्री प्रकाश जीरावाला मंचासीन रहे।

Share

Recent News