भारत सरसंघचालक ने कहा, सर्वभक्षी ताकतों ने मार्क्स को भुला रखा है; एक दशक से शांत मणिपुर में अचानक आपसी फूट की आग कैसे लगी ?
भारत मर्यादा, कर्तव्य पालन, स्नेह और करुणा के प्रतीक हैं श्रीराम, सभी के हृदय में सजे अयोध्या : डॉ मोहन भागवत
भारत समाज को विभाजित करने वाली शक्तियों को पहचानें, राष्ट्र के प्रति अपना कर्तव्य निभाएं : सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत
संघ Chandrayaan-3 : संपूर्ण विश्व को भौतिक और आध्यात्मिक प्रगति की राह पर अग्रसर करेगा भारत – सरसंघचालक