उत्तराखंड के लिए बड़ी खुशखबरी है। एनएचएआई हरिद्वार बाईपास का निर्माण तेज़ी से कर रहा है, जिसका करीब 80% कार्य पूरा हो चुका है। वहीं करीब 10 साल से लंबित ऋषिकेश बाईपास परियोजना को भी मंजूरी मिल गई है। हरिद्वार बाईपास का पहला चरण बहादराबाद से चंडी देवी मंदिर तक बनाया जा रहा है। इसके शुरू होते ही हरिद्वार शहर के भीतर वाहनों का दबाव काफी कम होगा। भविष्य में कुंभ मेला, कांवड़ यात्रा और अन्य बड़े आयोजनों के दौरान ट्रैफिक व्यवस्था भी पहले से बेहतर होगी।
नए पुल और बाईपास से हरिद्वार का ट्रैफिक होगा आसान
उम्मीद की जा रही है कि आने वाले 2027 कुंभ से पहले ये काम पूरा हो जाएगा। दूसरे चरण में यह बाईपास चंडीघाट से गंगा के दूसरे किनारे होते हुए हरिद्वार-ऋषिकेश राष्ट्रीय राजमार्ग से जुड़ेगा और आगे ऋषिकेश बाईपास तक कनेक्ट किया जाएगा। दोनों परियोजनाएं पूरी होने के बाद चारधाम यात्रा, कांवड़ यात्रा, पर्यटन सीजन और वीकेंड के दौरान हरिद्वार और ऋषिकेश में लगने वाले लंबे ट्रैफिक जाम से लोगों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। यह परियोजना उत्तराखंड की सड़क कनेक्टिविटी और पर्यटन को नई रफ्तार देने में अहम भूमिका निभाएगी। उधर नजीबाबाद हरिद्वार रोड पर चंडीदेवी गेट के पास श्यामपुर से सीधे एक नया गंगा पुल भी बन रहा है इस फोर लेन पुल की सड़क सीधे पतंजलि के पास से गुजरती हुई सहारनपुर दिल्ली एक्सप्रेस वे से जुड़ जाएगी। यानी हरियाणा पंजाब को जाने वाला ट्रैफिक हरिद्वार से बाहर बाहर निकल जाएगा।














