470 साल पहले आया था सबसे बड़ा भूकंप, 8 लाख से अधिक लोगों की हुई थी मौत; भारत सहित कई देश झेल चुके हैं ये आपदा
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470 साल पहले आया था सबसे बड़ा भूकंप, 8 लाख से अधिक लोगों की हुई थी मौत; भारत सहित कई देश झेल चुके हैं ये आपदा

वेनेजुएला में आए दो शक्तिशाली भूकंपों में मृतकों की संख्या हजारों में जा सकती है। कुछ रिपोर्ट्स में मृतकों का आंकड़ा 10 हजार तक जाने की बात कही जा रही है।

Written byLalit FularaLalit Fulara
Jun 25, 2026, 03:52 pm IST
inविश्व

नई दिल्ली: वेनेजुएला में आए दो शक्तिशाली भूकंपों में मृतकों की संख्या हजारों में जा सकती है। कुछ रिपोर्ट्स में मृतकों का आंकड़ा 10 हजार तक जाने की बात कही जा रही है। सूनामी का अलर्ट भी जारी हुआ है। दुनिया के कई देशों ने वेनेजुएला को राहत और बचाव कार्य में मदद की पेशकश की है। फिलहाल राहत और बचाव कार्य जारी है। आइए दुनिया के कुछ सबसे बड़े भूकंपों के बारे में जानते हैं जिन्होंने भारी तबाही मचाई थी।

470 साल पहले आये भूकंप में हुई थी 8 लाख से अधिक लोगों की मौत
दुनिया का सबसे घातक भूकंप साल 1556 में चीन के शानक्सी में आया था। ऐसा अनुमान लगाया जाता है कि इस भूकंप में आठ लाख से अधिक लोगों की मौत हुई थी। इस भूकंप की तीव्रता की सटीक जानकारी नहीं है। इसके बाद साल 2004 में हिंद महासागर में 9.1 तीव्रता वाला जोरदार भूकंप आया था। जिससे सुनामी आई और करीब ढाई लाख लोगों की मौत हुई थी। इस सुनामी से इंडोनेशिया, भारत, श्रीलंका और थाईलैंड में लोग अधिक प्रभावित हुए।

Venezuela Earthquake: भारत से जाएगी NDRF की टीम, US भी भेजेगा मदद; भूकंप से हुई है भारी तबाही

क्वेटा से लेकर रूस तक में भूकंप ने मचाई थी भारी तबाही
1935 में बलूचिस्तान के क्वेटा शहर में आए भूकंप ने भारी तबाही मचाई थी। इसकी तीव्रता 7.7 मापी गई थी। इस दौरान करीब 60 हजार से अधिक लोगों की मौत हो गई थी। घायलों की संख्या 2 लाख से अधिक थी। रूस तत्कालिक सोवियत संघ में 1952 में 9.0 तीव्रता का भूकंप आया था जिसमें करीब 10 हजार लोगों की मौत हुई थी। 12 जनवरी 2010 को हैती की राजधानी पोर्ट ओ प्रिंस में 7.0 तीव्रता का भूकंप आया था। इसमें करीब 1 लाख 60 हजार लोगों की मौत हो गई थी।

तुर्किये और सीरिया ही नहीं, भारत में भी आया था भयंकर भूकंप
8 अक्तूबर 2005 को भारत और पाकिस्तान के सीमावर्ती क्षेत्रों में 7.6 तीव्रता का भूकंप आया था। जिसका असर अफगानिस्तान, ताजिकिस्तान और चीन के शिनजियांग प्रांत तक महसूस किया गया था। इस भूकंप में 86 हजार लोगों की मौत हुई थी। 2023 को तुर्किए और सीरिया में 7.8 तीव्रता का भूकंप आया था। दोनों देशों में मरने वालों की कुल संख्या 59,000 का अनुमान लगाया गया। 2011 में जापान में भूकंप से 18 हजार लोगों की मौत हुई थी। भूकंप की तीव्रता 9 मापी गई थी।  2015 को नेपाल में 8.1 तीव्रता का भूकंप आया था। जिसमें 10 हजार से अधिक लोग मारे गए थे। गुजरात के भुज में 2001 को आए भूकंप में करीब 30 हजार से ज्यादा लोग मारे गए थे।

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Lalit Fulara
Lalit Fulara
उत्तराखंड के अल्मोड़ा ज़िले के सुदूर स्थित छोटे से गाँव 'पटास' में पैदाइश. कला-साहित्य में विशेष रुचि. पहला नॉवेल 'घासी: लाल कैंपस का भगवाधारी' प्रकाशित. विगत 12 सालों से पत्रकारिता में सक्रिय. करियर की शुरुआत दैनिक भास्कर से हुई और उसके बाद ज़ी न्यूज़, न्यूज़18, राजस्थान पत्रिका, अमर उजाला और इंडियाडॉटकॉम होते हुए वर्तमान में पांचजन्य डिजिटल में असिस्टेंट एडिटर के तौर पर कार्यरत. पत्रकारिता में एम.ए माखनलाल चतुर्वेदी विश्वविद्यालय के नोएडा कैंपस से किया है. [Read more]
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