उधम सिंह नगर। काशीपुर में अल्ली खां क्षेत्र में रविवार देर रात बिना अनुमति निकाले गए “आई लव मोहम्मद” जुलूस पर नियंत्रण लगाने गई पुलिस टीम पर लाठी-डंडों से हमला और पथराव की घटना के बाद एसएसपी मणिकांत मिश्रा ने काशीपुर में डेरा डाल दिया है और पीएसी तैनात कर दी गई है। पुलिसकर्मियों से मारपीट, गाली-गलौच, सरकारी वाहनों में तोड़फोड़ और संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वालों की वीडियो के आधार पर पहचान की जा रही है और घर घर तलाशी की जा रही है।
काशीपुर कोतवाली के एसएसआई अनिल जोशी की तहरीर पर नदीम अख्तर, हनीफ गांधी, दानिश चौधरी सहित 400–500 अज्ञात लोगों के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आरोपियों की गिरफ्तारी शुरू कर दी गई है। मामले की जांच टांडा चौकी इंचार्ज एसआई सुनील सुतेड़ी को सौंपी गई है।
पुलिस के मुताबिक, 21 सितंबर की रात करीब 9:40 बजे सूचना मिली कि अल्ली खां इलाके में बड़ी संख्या में लोग बिना अनुमति जुलूस निकाल रहे हैं। जब पुलिस ने उन्हें रोकने की कोशिश की तो भीड़ ने वाल्मीकि बस्ती की ओर बढ़ते हुए पुलिसकर्मियों को घेर लिया और धक्का-मुक्की की, लात-घूंसे चलाए और गाली-गलौच करने लगी। डायल 112 की गाड़ी (UK 01 GA-0336) और थाना वाहन (UK 07 GA-4524) के शीशे व बोनट तोड़ दिए गए। भीड़ ने पुलिसकर्मियों की वर्दी तक फाड़ दी और सरकारी कार्य में बाधा डालते हुए दहशत का माहौल पैदा किया।
एसएसपी मणिकांत मिश्रा ने बताया कि पुलिस पर हमला करने, पुलिस-प्रशासन के वाहनों में तोड़फोड़ करने वालों की पहचान हो रही है। सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाया गया है लिहाजा दंगा निरोधी धाराओं पर कार्रवाई की जा रही है। यह भी खबर है कि मुख्य आरोपियों ने नैनीताल हाई कोर्ट में अग्रिम जमानत के लिए प्रयास किए, जबकि पुलिस उनकी तलाश में जगह-जगह दबिश दे रही है।
सीएम धामी को दी जानकारी
काशीपुर की घटना को लेकर नगर निगम मेयर दीपक बाली सहित अन्य जन प्रतिनिधियों ने सीएम पुष्कर सिंह धामी को अवगत कराया है। सीएम धामी ने स्पष्ट कहा है कि अराजकता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। आरोपियों के खिलाफ सख्त धाराओं में मामले दर्ज किया जाएगा।

















