वृद्ध माता-पिता की देखभाल करें, यह श्रवण कुमार की भूमि है : इलाहाबाद उच्च न्यायालय
May 9, 2025
  • Read Ecopy
  • Circulation
  • Advertise
  • Careers
  • About Us
  • Contact Us
android app
Panchjanya
  • ‌
  • विश्व
  • भारत
  • राज्य
  • सम्पादकीय
  • संघ
  • वेब स्टोरी
  • जीवनशैली
  • अधिक ⋮
    • विश्लेषण
    • लव जिहाद
    • खेल
    • मनोरंजन
    • यात्रा
    • स्वास्थ्य
    • संस्कृति
    • पर्यावरण
    • बिजनेस
    • साक्षात्कार
    • शिक्षा
    • रक्षा
    • ऑटो
    • पुस्तकें
    • सोशल मीडिया
    • विज्ञान और तकनीक
    • मत अभिमत
    • श्रद्धांजलि
    • संविधान
    • आजादी का अमृत महोत्सव
    • मानस के मोती
    • लोकसभा चुनाव
    • वोकल फॉर लोकल
    • जनजातीय नायक
    • बोली में बुलेटिन
    • पॉडकास्ट
    • पत्रिका
    • ओलंपिक गेम्स 2024
    • हमारे लेखक
SUBSCRIBE
  • ‌
  • विश्व
  • भारत
  • राज्य
  • सम्पादकीय
  • संघ
  • वेब स्टोरी
  • जीवनशैली
  • अधिक ⋮
    • विश्लेषण
    • लव जिहाद
    • खेल
    • मनोरंजन
    • यात्रा
    • स्वास्थ्य
    • संस्कृति
    • पर्यावरण
    • बिजनेस
    • साक्षात्कार
    • शिक्षा
    • रक्षा
    • ऑटो
    • पुस्तकें
    • सोशल मीडिया
    • विज्ञान और तकनीक
    • मत अभिमत
    • श्रद्धांजलि
    • संविधान
    • आजादी का अमृत महोत्सव
    • मानस के मोती
    • लोकसभा चुनाव
    • वोकल फॉर लोकल
    • जनजातीय नायक
    • बोली में बुलेटिन
    • पॉडकास्ट
    • पत्रिका
    • ओलंपिक गेम्स 2024
    • हमारे लेखक
Panchjanya
panchjanya android mobile app
  • होम
  • विश्व
  • भारत
  • राज्य
  • सम्पादकीय
  • संघ
  • वेब स्टोरी
  • जीवनशैली
  • विश्लेषण
  • मत अभिमत
  • रक्षा
  • संस्कृति
  • पत्रिका
होम भारत उत्तर प्रदेश

वृद्ध माता-पिता की देखभाल करें, यह श्रवण कुमार की भूमि है : इलाहाबाद उच्च न्यायालय

भारतीय समाज के पारंपरिक मानदंड और मूल्य बुजुर्गों की देखभाल के कर्तव्य पर जोर देते हैं

by सुनील राय
Oct 25, 2023, 06:39 pm IST
in उत्तर प्रदेश
FacebookTwitterWhatsAppTelegramEmail

इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने अपनी एक टिप्पणी में श्रवण कुमार का हवाला दिया है। उच्च न्यायालय में 85 वर्षीय बुजुर्ग व्यक्ति छविनाथ ने अपने बेटे के खिलाफ याचिका दाखिल किया था। याचिकाकर्ता ने यह आरोप लगाया था कि उनके बेटा उनके साथ दुर्व्यवहार कर रहा है। याचिका में यह भी कहा गया कि गैर कानूनी तरीके से उनकी संपत्ति से उन्हें बेदखल किया गया है। उच्च न्यायालय ने एसडीएम को निर्देश दिया है कि सभी पक्षों के साथ आवश्यक परामर्श करके विधिक तरीके से इस मामले का आकलन करें।

इस मुकदमे की सुनवाई करते हुए इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने कहा कि “हमारा देश संस्कृति, मूल्य और नैतिकता की भूमि रहा है। यह महान श्रवण कुमार की भूमि है जिन श्रवण कुमार ने अपने अंधे माता-पिता के लिए अपना पूरा जीवन बलिदान कर दिया था। भारतीय समाज के पारंपरिक मानदंड और मूल्य बुजुर्गों की देखभाल के कर्तव्य पर जोर देते हैं। हमारे पारंपरिक समाज में यह माना जाता है कि माता-पिता के प्रति बच्चों का जो भी कर्तव्य है। वह कर्तव्य उन बच्चों पर एक ऋण की तरह है। उस ऋण को उन बच्चों को अपने जीवनकाल में चुकाना होता है। माता-पिता की देखभाल करने का दायित्व केवल मूल्य पर आधारित नहीं है। यह विधिक रूप से भी बाध्यकारी है। इसके लिए माता-पिता और वरिष्ठ नागरिकों के भरण पोषण और कल्याण अधिनियम 2007 की व्यवस्था की गई है।

इस अधिनियम के अंतर्गत बच्चे अपने माता-पिता की देखभाल करने के लिए और उनके सम्मान को बनाए रखने के लिए विधिक रूप से भी बाध्य हैं। इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने यह भी कहा कि बुजुर्ग माता-पिता की संपत्ति हासिल करने के बाद उनके बच्चे उन्हें छोड़ देते हैं। वृद्ध अवस्था में शारीरिक कमजोरी के अलावा उन्हें भावनात्मक एवं मनोवैज्ञानिक समस्याओं का भी सामना करना पड़ता है। इन कमजोरी के कारण वो लोग पूरी तरह से अपने बच्चों पर निर्भर होते हैं।

Topics: Allahabad High Courtइलाहाबाद उच्च न्यायालयश्रवण कुमारShravan Kumarमाता-पिता की सेवामाता-पिता की सेवा पर हाईकोर्ट का बयानService to ParentsHigh Court Statement on Service to Parentsइलाहाबाद हाईकोर्ट
ShareTweetSendShareSend
Subscribe Panchjanya YouTube Channel

संबंधित समाचार

Rahul Gandhi

वीर सावरकर पर बुरे फंसे राहुल गांधी : हाईकोर्ट से मिला बड़ा झटका

Allahabad high court

उत्तर प्रदेश में 582 जजों का तबादला: ज्ञानवापी मामले के जस्टिस रवि कुमार भी शामिल

दिल्ली हाई कोर्ट जज का मामला राज्यसभा में गूंजा, क्या छिपा है राज?

इलाहाबाद उच्च न्यायालय

महाकुंभ में भगदड़ की जांच नहीं करेगी CBI, पीआईएल खारिज

प्रतीकात्मक तस्वीर

‘जरूरी नहीं कि प्राइवेट पार्ट पर चोट के निशान हों तो ही रेप हो’, SC ने 40 पुराने मामले में पीड़िता को दिया इंसाफ

इलाहाबाद हाई कोर्ट

बीड़ी पर देवी-देवताओं का नाम, शंकर-पार्वती के चित्र, इलाहाबाद हाई कोर्ट ने खारिज की याचिका, कहा – कानूनी रास्ता अपनाएं

टिप्पणियाँ

यहां/नीचे/दिए गए स्थान पर पोस्ट की गई टिप्पणियां पाञ्चजन्य की ओर से नहीं हैं। टिप्पणी पोस्ट करने वाला व्यक्ति पूरी तरह से इसकी जिम्मेदारी के स्वामित्व में होगा। केंद्र सरकार के आईटी नियमों के मुताबिक, किसी व्यक्ति, धर्म, समुदाय या राष्ट्र के खिलाफ किया गया अश्लील या आपत्तिजनक बयान एक दंडनीय अपराध है। इस तरह की गतिविधियों में शामिल लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

ताज़ा समाचार

“भय बिनु होइ न प्रीति “: पाकिस्तान की अब आएगी शामत, भारतीय सेना देगी बलपूर्वक जवाब, Video जारी

खेत हरे, खलिहान भरे

पाकिस्तान ने उरी में नागरिक कारों को बनाया निशाना

कायर पाकिस्तान ने नागरिकों को फिर बनाया निशाना, भारतीय सेना ने 50 ड्रोन मार गिराए

पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ

पाकिस्तान बोल रहा केवल झूठ, खालिस्तानी समर्थन, युद्ध भड़काने वाला गाना रिलीज

देशभर के सभी एयरपोर्ट पर हाई अलर्ट : सभी यात्रियों की होगी अतिरिक्त जांच, विज़िटर बैन और ट्रैवल एडवाइजरी जारी

‘आतंकी समूहों पर ठोस कार्रवाई करे इस्लामाबाद’ : अमेरिका

भारत के लिए ऑपरेशन सिंदूर की गति बनाए रखना आवश्यक

पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ

भारत को लगातार उकसा रहा पाकिस्तान, आसिफ ख्वाजा ने फिर दी युद्ध की धमकी, भारत शांतिपूर्वक दे रहा जवाब

‘फर्जी है राजौरी में फिदायीन हमले की खबर’ : भारत ने बेनकाब किया पाकिस्तानी प्रोपगेंडा, जानिए क्या है पूरा सच..?

S jaishankar

उकसावे पर दिया जाएगा ‘कड़ा जबाव’ : विश्व नेताओं से विदेश मंत्री की बातचीत जारी, कहा- आतंकवाद पर समझौता नहीं

  • Privacy
  • Terms
  • Cookie Policy
  • Refund and Cancellation
  • Delivery and Shipping

© Bharat Prakashan (Delhi) Limited.
Tech-enabled by Ananthapuri Technologies

  • Search Panchjanya
  • होम
  • विश्व
  • भारत
  • राज्य
  • सम्पादकीय
  • संघ
  • वेब स्टोरी
  • जीवनशैली
  • विश्लेषण
  • लव जिहाद
  • खेल
  • मनोरंजन
  • यात्रा
  • स्वास्थ्य
  • संस्कृति
  • पर्यावरण
  • बिजनेस
  • साक्षात्कार
  • शिक्षा
  • रक्षा
  • ऑटो
  • पुस्तकें
  • सोशल मीडिया
  • विज्ञान और तकनीक
  • मत अभिमत
  • श्रद्धांजलि
  • संविधान
  • आजादी का अमृत महोत्सव
  • लोकसभा चुनाव
  • वोकल फॉर लोकल
  • बोली में बुलेटिन
  • ओलंपिक गेम्स 2024
  • पॉडकास्ट
  • पत्रिका
  • हमारे लेखक
  • Read Ecopy
  • About Us
  • Contact Us
  • Careers @ BPDL
  • प्रसार विभाग – Circulation
  • Advertise
  • Privacy Policy

© Bharat Prakashan (Delhi) Limited.
Tech-enabled by Ananthapuri Technologies