| दिंनाक: 14 Mar 2017 12:21:04 |
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जो आपकी किसी नाकामी पर आपके जले पर नमक छिड़कने के लिए आपके घर पहुंचे और आपकी कामयाबी पर 50 की जलन के कारण महीनों तक संपर्क में न रहे, उसे एक शब्द में ‘रिश्तेदार’ कहते हैं।
आईलाइनर और वनलाइनर में थिन लाइन का फर्क होता है, थोड़े भी फैल जाएं तो भद्दे लगते हैं।
बैडमिंटन कोच गोपीचंद ने सिंधु के ओलंपिक में रजत पदक जीतने पर बताया कि तीन महीने से मोबाइल नहीं था सिंधु के पास़.़ अब विडम्बना देखो, अनुशासित रहने की इतनी कीमती टिप मोबाइल पर ही मिली मुझे।
उम्मीदें रखे हैं, उम्मीद टूटने की एक अतिरिक्त उम्मीद के साथ। आआपा के विधायक के घर से 130 करोड़ रु. की अघोषित सम्पत्ति मिली। ज्ञात हो कि इतनी राशि तब प्राप्त हुई जब मोदी ने इन्हें रोका हुआ था कुछ भी
करने से।
सुबह से 10 पोस्ट पर लगातार ‘लाइक्स’ मारने वाले अचानक से आपकी 11वीं पोस्ट पर दाएं-बाएं होने लगें तो बुरा न मानिए, बल्कि यूं समझिए कि आपकी ‘कड़ी प्रशंसा’ करने में नानी मर रही है इनकी।
ऐसी चर्चा है आज यहां कि कई बार पढ़ने पर भी जो ऊपर से निकल जाए वही कविता श्रेष्ठ है़..मैंने उसी वक्त जीएसटी बिल पर मगजमारी बंद कर दी।
सही किया न?
जो लेखक सराहना और सांत्वना में फर्क न समझे वह लल्लू लेखक है, स्मार्ट नहीं । ज्ञान समाप्त।
चांद को ठसक दिखाने के दो ही मौके मिलते हैं, एक ईद और दूसरा करवा चौथ। बाकी के दिन तो कवि, शायर, मोमबत्ती समझ के पिले पड़े रहते हैं, बिचारे पर।
देश की अर्थव्यवस्था, वित्त, बाजार जैसे गंभीर मसलों पर विशेषज्ञ अलग-अलग राय दे देते हैं़.़ इसी कारण मुझे ये हमेशा उस दर्जे के चुटकुलों की तरह लगते हैं जो समझ में आ जाएं तो हंसो और समझ न आएं तो और जोर से हंसो।
जरूरी नहीं कि लगातार अपनी बेवकूफियों को स्वीकार करते रहना किसी की विनम्रता ही हो़.़. ऐसा उस शख्स का वाकई बेवकूफ होना भी हो सकता है ।
दिल्ली को लंदन बनाकर, बिना कोई चुनाव लड़े, यू.के. की सरकार चलाने वाले केजरीवाल बनेंगे पहले प्रधानमंत्री।
पत्रकार-राहुल, दिल्ली को लंदन बनाने की बात पर क्या कहना है आपका?
राहुल-यही कि लंदन बनते ही सबसे पहले माल्या को गिरफ्तार करें केजरीवाल।
इंसान की गायकी का अधूरा सपना मरणोपरांत मच्छर रूप में जन्म लेकर पूरा होता है।
दुनिया जहान को समझने की बुद्धि हम समझते हैं कि हम में कूट-कूट के भरी हुई है, उसका एक प्रतिशत भी हम खुद को समझने में खर्च करें तो बायगॉड खुद को कूटने से फुर्सत न मिलेगी हमें। दुनिया ने तो फिर अपने आप ही स्वर्ग हो जाना है।