| दिंनाक: 01 Feb 2005 00:00:00 |
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हर पखवाड़े स्त्रियों का अपना स्तम्भमंगलम्, शुभ मंगलम्इस स्तम्भ में दम्पत्ति अपने विवाह की वर्षगांठ पर 50 शब्दों में परस्पर बधाई संदेश दे सकते हैं। इसके साथ 200 शब्दों में विवाह से सम्बंधित कोई गुदगुदाने वाला प्रसंग भी लिखकर भेज सकते हैं। प्रकाशनार्थ स्वीकृत प्रसंग पर 200 रुपए का पुरस्कार दिया जाएगा।साथ सदा रहे हमाराश्रीमती अनीता गोयल अपने पति श्री सतीश गोयल के साथप्रिय सतीश,सोलह वर्षों से हमारा साथ रहा है, यह बात आज मुझे सुख दे रही है। दुख-सुख में एक-दूसरे का साथ देते हुए कब इतने साल बीत गए, पता ही नहीं चला। लगता है कल की ही तो बात है जब तुम मुझे देखने आए थे। मुझे देखते ही तुमने कहा था, “मैं शादी करुंगा तो इन्हीं के साथ!”हमारी शादी हुई। एक दूसरे की छोटी-बड़ी गलतियों को हंसी-मजाक में भुलाते हुए हमने जीवन के इतने साल बिताए। मैं जानती हूं कि प्यार जताना तुम्हें नहीं आता लेकिन किसी न किसी बहाने तुम्हारा प्यार मुझ तक पहुंचता है।मुझे अपनी शादी की दसवीं सालगिरह आज भी याद है। तुमने कहा था, हम उस दिन बिल्कुल अपनी पहली मुलाकात की तरह मिलेंगे। हम दोनों सज-संवर कर तैयार हुए। फिर मैं अपने कमरे से बैठक के कमरे में हाथ में चाय की ट्रे लेकर आई। मैं ट्रे रख ही रही थी कि तुमने कहा, “मैं शादी करुंगा तो इन्हीं से।” और हम दोनों की हंसी छूट गई। बड़ी देर तक हम हंसते रहे। फिर लगा, बस इसी-तरह हंसी खुशी जिंदगी बीते, हमारा साथ बना रहे, प्रभु से बस यही कामना करती हूं।तुम्हारीअनीता गोयलए-13, परवाना अपार्टमेंट्समयूर विहार, फेस प्रथम, दिल्ली-110091NEWS