विश्व

तनाव के बीच ईरान ने अमेरिका पर किए साइबर हमले

ईरान को परमाणु हथियार विकसित करने से रोकने के लिए अमेरिका हर संभव कोशिशें कर रहा है। इसी के तहत बीते दिनों उसने ईरान के ऑयल एक्सपोर्ट नेटवर्क पर प्रतिबंध लगा दिया था। इसी के बाद उसने साइबर हमले किए।

Published by
Kuldeep singh

अमेरिका के राष्ट्रपति का पद संभालने के बाद से डोनाल्ड ट्रंप ईरान के परमाणु कार्यक्रम के खिलाफ लगातार सख्ती बरत रहे हैं। उन्होंने कई ऐसे कदम उठाए हैं, जिनसे ईरान की अर्थव्यवस्था को ठेस पहुंचाया जा सके। लेकिन, ईरान ने भी अमेरिको जबाव साबइर हमले से दिया है। पता चला है कि ईरान ने अमेरिका पर बड़े साइबर हमले किए हैं।

साइबर सिक्योरिटी डाइव की रिपोर्ट के अनुसार, ईरान ने अमेरिका के सुरक्षा कैमरों, गेमिंग प्लेटफॉर्म और इंटरनेट नेटवर्क समेत कुल 30,000 हैक किए थे। सुरक्षा शोधकर्ता ग्रेनोइस ने अपनी रिपोर्ट में खुलासा किया कि अमेरिका पर किए गए साइबर हमलों का जब पता लगाया गया, तो पता चला कि 1000 से अधिक आईपी एड्रेस ईरान के थे। हालांकि, अब तक ईरान ने इसकी जिम्मेदारी नहीं ली है। ईरानी हैकर्स ने ट्रंप के सलाहकार रहे रोजर स्टोन के ईमेल को हैक कर लिया था।

नोकिया डीपफील्ड के सिक्योरिटी रिसर्चर जेरोम मेयर का कहना है ‘इलेवन11बॉट’ नाम से किया गया ये साइबर हमला फरवरी 2022 में यूक्रेन पर हमले के बाद से देखे अब तक के सबसे बड़े ज्ञात डीडीओएस बॉटनेट अभियानो में से एक है। इस बीच अमेरिकी अधिकारियों ने आरोप लगाया है कि पिछले साल ईरान ने अमेरिका के चुनाव में हस्तक्षेप करने की कोशिश की थी। दावा किया गया है कि इन साइबर अटैक के पीछे ईरानी आईआऱजीसी है।

गौरतलब है कि ईरान को परमाणु हथियार विकसित करने से रोकने के लिए अमेरिका हर संभव कोशिशें कर रहा है। इसी के तहत बीते दिनों उसने ईरान के ऑयल एक्सपोर्ट नेटवर्क पर प्रतिबंध लगा दिया था। वहीं दूसरी ओर ईरान के समर्थन वाले आतंकी संगठनों को इजरायल निपटाने में लगा हुआ है।

Share
Leave a Comment