अयोध्या में 6 गेट कॉम्प्लेक्स का होगा निर्माण

अयोध्या के प्रमुख 6 मार्गों पर देसी-विदेशी पर्यटकों और श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए गेट कांप्लेक्स बनाए जाएंगे

Published by
सुनील राय

मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्रीराम मंदिर के लोकार्पण की तिथि जैसे-जैसे नजदीक आ रही है, तैयारियां उतनी ही तेज होती जा रही हैं। अयोध्या में छह गेट कॉम्प्लेक्स का निर्माण होगा, जिसमें चार की स्वीकृति मिल चुकी है। हाल ही में अयोध्या-सुल्तानपुर मार्ग पर प्रस्तावित गेट कांप्लेक्स की स्वीकृति भी मिल गई है। इसका निर्माण लगभग 20.26 करोड़ रुपये से होगा। पहली किश्त के रूप में 2 करोड़ रुपये भी जारी कर दिए गए हैं। इसके पूर्व आंबेडकरनगर, लखनऊ और रायबरेली रोड पर गेट कॉप्लेक्स के लिए स्वीकृति प्राप्त हो चुकी है।

यह जानकारी आज यहां प्रदेश के पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने दी। उन्होंने बताया कि विकास की इसी कड़ी में अयोध्या के प्रमुख छह मार्गों पर देसी-विदेशी पर्यटकों और श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए गेट कॉप्लेक्स बनाए जाएंगे। गेट कॉप्लेक्स बनने के बाद दूर-दूर से आने वाले पर्यटकों को उनके मार्ग पर शहर से दूर शांत वातावरण में एक सुरक्षित पड़ाव स्थल मिलेगा। विश्रामगृह, शौचालय, पार्किंग समेत अन्य पर्यटक सुविधाएं उपलब्ध रहेंगी। यहां से श्रद्धालु आराम से दर्शन-पूजन के लिए जा सकते हैं। इसका सबसे बड़ा लाभ यह होगा कि शहर में जाम की संभावना कम रहेगी और लोग सुव्यवस्थित दर्शन-पूजन और भ्रमण कर सकेंगे।

पर्यटन मंत्री ने बताया कि अयोध्या से आंबेडकरनगर जाने वाले मार्ग पर करीब 19.99 करोड़ रुपये से निर्माण होगा। इसी तरह अयोध्या से रायबरेली जाने वाले मार्ग पर करीब 19.73 करोड़ रुपये से गेट काम्प्लेक्स बनेगा। अयोध्या से लखनऊ मार्ग पर 20.20 करोड़ रुपये से गेट कॉम्प्लेक्स का निर्माण होगा। उन्होंने बताया कि दिव्य और भव्य मंदिर निर्माण के साथ भगवान राम की नगरी विश्व की सबसे सुंदरतम नगरी के रूप में विकसित हो रही है और 22 जनवरी, 2024 में भव्य गर्भगृह में भगवान राम विराजमान हो जाएंगे। इसके दृष्टिगत पर्यटकों की संख्या में कई गुणा वृद्धि संभावित है। उन्होंने बताया कि मंदिर के लोकार्पण के बाद अयोध्या आने वालों की भीड़ कई गुना बढ़ेगी, इसको दृष्टिगत रखते हुए सुगम यातायात की व्यवस्था भी की जा रही है। इस यातायात में नवनिर्मित गेट कॉम्प्लेक्स की भूमिका महत्वपूर्ण होगी।

पर्यटन मंत्री जयवीर सिंह ने बताया कि राम भक्तों की सुख सुविधा को ध्यान में रखते हुए अयोध्या में सभी कार्य युद्ध स्तर पर किये जा रहे हैं। अयोध्या धाम में पर्यटकों की संख्या में लगातार वृद्धि हो रही है। श्रीराम जन्मभूमि मंदिर में श्रीराम की प्राण प्रतिष्ठा के बाद इसमें गुणात्मक रूप से वृद्धि होगी। इस दृष्टिकोण से लगातार सुविधाओं का विकास किया जा रहा है। अयोध्या को त्रेता युग का स्वरूप देने के लिए राज्य सरकार कोई कोर-कसर बाकी नहीं छोड़ रही है क्योंकि अयोध्या के श्रीराम मंदिर से देश ही नहीं, बल्कि दुनियाभर के श्रृद्धालुओं की आस्था जुड़ी हुई है।

Share
Leave a Comment

Recent News