पश्चिम बंगाल  : आफत हजार ऊपर से सिंडिकेट राज

ममता का वादा था कि ‘मानुष’ यानी आम आदमी उनकी नीतियों के केंद्र में होंगे। स्वाभाविक है, ऐसे में लोगों की जिंदगी में सकारात्मक बदलाव आना चाहिए था, लेकिन आज जब हम सरकारी सर्वेक्षणों, राष्ट्रीय आंकड़ों और प्रतिष्ठित शोध संस्थानों की रिपोर्टों को साथ रखकर देखते हैं, तो एक असहज सच्चाई उभरती है: बंगाल का … Continue reading पश्चिम बंगाल  : आफत हजार ऊपर से सिंडिकेट राज