साहित्य जगत को तारक भाई जैसा लेखक बहुत नसीब से ही मिलता है। आज 83 वर्ष की आयु में समय ने उनके शरीर को बहुत दुर्बल कर दिया है। आंखों की रोशनी मंद पड़ गई है, परंतु आयु का प्रवाह उनके लिखने की ललक और धार को कुंद नहीं कर पाया है। न जाने यह .. आगे पढ़िए...
इस समय भारत की अर्थव्यवस्था बेहद संकट के दौर से गुजर रही है। वास्तव में भारत में रहने वाले एक अरब पच्चीस करोड़ लोगों के लिए ये गंभीर आर्थिक संकट की घड़ियां है। हम सबको पता है कि इस समय विश्व में ग्लोबल आर्थिक मंदी का दौर चल रहा रहा है। भले .. आगे पढ़िए...
क्या महात्मा गांधी की समाधि को दिल्ली से गांधी नगर या जवाहरलाल नेहरू की समाधि को इलाहाबाद ले जाया जा सकता है? यदि नहीं तो यह अन्याय हमारे पूर्वजों और देवताओं के साथ ही क्यों? दक्षिण दिल्ली में पालम हवाई अड्डे के निकट, सुप्रसिद्ध होटल .. आगे पढ़िए...
80 के दशक में नेस्तनाबूद कर दिए गए मणिपुर के देशविरोधी गुट पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (पी.एल.ए.) ने अपनी जड़ें गहरे तक जमा ली हैं और उसकी गतिविधियां तेजी से बढ़ रही हैं। यह साफ हो रहा है कि पिछले 30 वर्षों में पी.एल.ए. खत्म नहीं हुआ है, बल्कि .. आगे पढ़िए...
अधिकतर लोग देवी शक्ति को ही ज्यादा मानते हैं। इसलिए नवरात्रि में विशेष पूजा-अर्चना की जाती है, अलग-अलग मन्दिरों में अलग-अलग नाम की देवी होती हैं। बड़े-बड़े धनवानों, रईसों और अधिकारियों द्वारा यज्ञ और हवन किये जाते हैं। यहां तक कि सम्पूर्ण प्रशासन .. आगे पढ़िए...
विश्व हिन्दू परिषद की सन्त उच्चाधिकार समिति की बैठक गत 19 जून को हरिद्वार के परमार्थ ज्ञान मन्दिर में जगद्गुरु मध्वाचार्य स्वामी विश्वेशतीर्थ की अध्यक्षता में प्रारम्भ हुई। दो दिवसीय बैठक का शुभारम्भ जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी वासुदेवानन्द सरस्वती, .. आगे पढ़िए...
आंध्र प्रदेश उपचुनाव में जीत का परचम फहराते हुए जगन मोहन रेड्डी की वाईएसआर कांग्रेस ने 18 विधानसभा सीटों में से 15 पर जीत दर्ज कर ली, जबकि कांग्रेस को सिर्फ 2 सीटों पर ही सफलता मिली। बची हुई एक सीट तेलंगाना राष्ट्र समिति (टीआरएस) को मिली .. आगे पढ़िए...
साहित्य में आत्मकथाओं की समृद्ध परम्परा रही है। आमतौर पर आत्मकथाएं स्वयं को कठघरे में खड़ा करके स्वयं के द्वारा किए गए कार्यों का निरपेक्ष मूल्यांकन करने की साहित्यिक विधा मानी जाती है। लेकिन अनेक बार लेखक स्वयं को सही और दूसरों को गलत सिद्ध करने .. आगे पढ़िए...
भ्रष्टाचार करवट बदले काला धन लेता अंगड़ाई, आम आदमी के जीवन में पीड़ा की गूंजी शहनाई। राजनीति से नीति नदारद न्यायालय से न्याय उठा है, नैतिकता की माला बिखरी सच्चाई का कोष लुटा है, पूरब, पश्चिम, उत्तर, दक्षिण दिशा-दिशा आफत गहराई। पीड़ा .. आगे पढ़िए...
इस वर्ष के अंत में देश के पांच राज्यों में होने वाले विधानसभा चुनावों में अल्पसंख्यकों के मत बटोरने के उद्देश्य से संप्रग सरकार ने जिस तरह से खुलेआम मुस्लिम तुष्टीकरण का अभियान शुरू किया है उसके कारण देश और समाज के टुकड़े-टुकड़े होने का .. आगे पढ़िए...
राजधानी दिल्ली में पानी के लिए हाहाकार मचा है। आजकल लोग एक-दूसरे से यही पूछते मिलते हैं- 'तुम्हारे यहां पानी आ रहा है क्या?' जवाब अक्सर यही मिलता है- 'अरे कहां, परसों आया था, आधा घंटा, पर पतली धार सा।' पूछने वाले के चेहरे पर तसल्ली का भाव तिरता .. आगे पढ़िए...
भारत और अमरीका दोनों देशों में बसने वाले अल्पसंख्यक अधिकांशत: मुस्लिम हैं और दोनों ही देशों में मुस्लिम आतंकवाद अपनी चरम सीमा पर है। पर आतंकवादियों को दण्डित करने में अमरीकी सरकार जितनी सक्रिय है, भारत सरकार उतनी ही निष्क्रिय। न्यूयार्क सिटी पुलिस .. आगे पढ़िए...
अत्यन्त सरल, पेशे से वकील, उत्तराखण्ड विधानसभा में विपक्ष के नेता अजय भट्ट रानीखेत से विधायक हैं। उन्होंने राज्य की जनता के हितों के लिये हमेशा से ही संघर्ष किया है। राज्य में कांग्रेस सरकार की विफलता व राजनीतिक परिस्थितियों के संदर्भ में अजय .. आगे पढ़िए...
भारत की पश्चिमी प्राचीर के रक्षक सिंधुपति महाराजा दाहरसेन के राष्ट्ररक्षार्थ 1300वें बलिदान दिवस पर गत दिनों पुष्कर (राजस्थान) रोड स्थित दाहरसेन स्मारक पर विशाल श्रद्धाञ्जलि समारोह का आयोजन किया गया। सिन्धुपति महाराजा दाहरसेन समारोह समिति और भारतीय .. आगे पढ़िए...
कश्मीर प्रदेश की अंतिम हिन्दू साम्राज्ञी कोटा रानी के आत्म बलिदान के पश्चात् सत्ता पर काबिज हुए प्रथम मुस्लिम शासक शाहमीर के राज्यकाल से प्रारंभ हुआ बलात् मतान्तरण का सिलसिला अंतिम सुल्तान सूबेदार आजम खान के राज्य तक निरंतर 500 वर्षों .. आगे पढ़िए...